कार्यक्रम

ब्रज भूमि के कण-कण में है भगवान श्रीकृष्ण का वास : स्वामी भास्करानंद महाराज

 

(डॉ. गोपाल चतुर्वेदी)

वृन्दावन।कालीदह क्षेत्र स्थित अखंड दया धाम में मंगलायतन सेवा ट्रस्ट के द्वारा महामंडलेश्वर स्वामी भास्करानंद महाराज के पावन सानिध्य में चल रही पंच दिवसीय ब्रज चौरासी कोस दर्शन यात्रा के समापन पर संत-विद्वत सम्मेलन का आयोजन संपन्न हुआ।जिसमें ब्रज चौरासी कोस (ब्रज भूमि) की महिमा बताते हुए महामंडलेश्वर चित्तप्रकाशानंद महाराज ने कहा कि ब्रज चौरासी कोस भगवान श्रीकृष्ण और उनकी आल्हादिनी शक्ति स्वरूपा श्रीराधा रानी की पावन लीला भूमि है।इसकी परिक्रमा करने से समस्त पापों का नाश होता है।
महामंडलेश्वर स्वामी भास्करानंद महाराज ने कहा कि ब्रज भूमि में समस्त तीर्थ स्थल सूक्ष्म रूप में विद्यमान हैं।यहां के कण-कण में भगवान श्रीकृष्ण का वास हैं।इसीलिए इसकी परिक्रमा करने से सभी मनोरथ सिद्ध होते हैं।
महामंडलेश्वर स्वामी सच्चिदानंद शास्त्री महाराज व महामंडलेश्वर स्वामी नवल गिरि महाराज ने कहा कि ब्रज मंडल चौरासी कोस की परिक्रमा सर्वप्रथम भगवान श्रीकृष्ण ने अपने माता यशोदा और पिता नंदबाबा को कराई थी।जिससे उन्हें समस्त धार्मिक एवं तीर्थ स्थलों के दर्शनों के फल की प्राप्ति हुई थी।
वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. गोपाल चतुर्वेदी व महामंडलेश्वर स्वामी चंद्रदास महाराज ने कहा कि ब्रजभूमि का प्राकट्य गोलोक धाम में श्रीराधा रानी की इच्छा से भगवान श्रीकृष्ण के हृदय से हुआ था। इसलिए ये कोई साधारण भूमि नही है,अपितु भगवान श्रीकृष्ण का ही अभिन्न अंग है।
संत-विद्वत सम्मेलन में महामंडलेश्वर स्वामी डॉ. आदित्यानंद महाराज, महामंडलेश्वर स्वामी सुरेशानन्द महाराज, सिंहपौर हनुमान मंदिर के महंत सुंदरदास महाराज, श्रीराम मंदिर के महंत आचार्य रामदेव चतुर्वेदी, डॉ. राधाकांत शर्मा, महंत शिवदत्त प्रपन्नाचार्य आदि ने भी अपने विचार व्यक्त किए।संचालन संत सेवानंद ब्रह्मचारी ने किया।
इस अवसर पर सभी महामंडलेश्वरों, महंतों व विद्वानों का सम्मान किया गया।साथ ही संत, ब्रजवासी, वैष्णव सेवा एवं भंडारा आदि के कार्यक्रम भी संपन्न हुए।

About the author

Rekha Singh

Add Comment

Click here to post a comment

Live News

Advertisments

Advertisements

Advertisments

Our Visitors

0208565
This Month : 8068
This Year : 8068

Follow Me